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नल का पानी ठंडी में गर्म और गर्मी में ठंडा, ऐसा क्यों है ?



बहुत- बहुत स्वागत है आपका हमारे इस पोस्ट में, इस पोस्ट में विज्ञान से संबंधित जानकारी आपको मिलने वाली है। हमारे हर पोस्ट का यह मतलब होता है कि हम पोस्ट में ऐसी जानकारियों को शामिल करें जिससे लोगों को उपयोगी लगे ही पर साथ में ज्ञान को बढावा मिले। इसलिए हमसे अपने विचारों को कमेन्ट में जरूर शेयर करें। 

हमारा देश कृषि प्रधान देश है। यहाँ के अधिकांश लोग कृषि पर निर्भर रहते हैं और बहुत सी बातों को जान पाना कठिन होता है। दरअसल कृषि करने वाले अधिकतर लोग आज भी कम पढ़े - लिखे हैं और शायद इसी कारण यहाँ लोग छोटी - छोटी बातों को भगवान की माया कहते हैं । जैसे - बारीश का होना, मौसमों का बदलना, बच्चों का पैदा होना इत्यादि हो या इन्हीं में से एक है ठंडी के मौसम में सुबह के समय जब नल से  पानी निकलता है तो वह गर्म होता है और ठीक इसी तरह गर्मी के मौसम में पानी ठंडा निकलता है ऐसा क्यों होता है यह सब जाने बिना ही हममे से कुछ लोग इसे भगवान की माया या शक्ति कहते हैं । हालांकि भगवान की माया कहना गलत नहीं होगा क्योंकि भगवान नेे ही इस संसार का निर्माण किया है, पर यह मानकर कि भगवान यह माया करते हैं, और इसके पीछे का विज्ञान न जाने तो यह हमारी गलती होगी । यहाँ तक कि भगवान कुछ भी कर सकते हैं  परंतु हम विज्ञान की सहायता से यह जान सकते हैं कि यह कैसे होता है। चलिए जानते है इसके पीछे का विज्ञान।




कारण ( reason  ) 

यह घटना क्यों, कैसे और कब होती है इन सब बातों के जवाब आप भी अपने दिमाग लगाकर पता कर सकते हैं। क्या हुआ नहीं समझ में आ रहा है तो कोई बात नहीं पर हमारा ऐसा को इरादा नहीं है कि हम आपसे बेवजह कोई सवाल करके आपको दुखी करें। हमारे कहने का मतलब यह है कि जब  आप अपने दिमाग को किसी बात को पता करने के लिए चलाते हैं तो आपका यह दिमाग कहाँ तक चलता है और क्या बताता है।यह आवश्यक है जिससे मस्तिष्क का विकास होता है। चलिए अब हम जानते हैं कारण -



कुहरे में निकली धूप



जब ठंडी का मौसम आता है तो पृथ्वी के जिन हिस्सों में ठंड पड़ती है तो वहाँ का वातावरणीय तापमान गिर या घट जाता है परंतु पृथ्वी के अन्दर यानी पृथ्वी के अंदरूनी भाग में ठंड का उतना असर नहीं हो पाता है। इस कारण पृथ्वी के बाहरी भाग और अंद्रुनी भाग के ताप में अन्तर हो जाता है  ।  जब हम नल से पहली बार पानी पम्प मारकर निकालते हैं तो पानी का तापमान लगभग वातावरण के तापमान के बराबर होता है लेकिन जब हम कई बार पम्प मारते हैं तो हम देखते हैं कि पानी कुछ गर्म लगने लगता है क्योंकि पानी जितने ही पृथ्वी के अंदर से निकलता है पानी का तापमान उतना ही गर्म लगता है । ठीक इसी तरह गर्मी के मौसम पृथ्वी के अंदर मौजूद पानी का तापमान तो वही रहता पर बाहरी तापमान गर्मी के कारण बढ़ जाता है और इस कारण पृथ्वी से निकलने वाला पानी का तापमान कम वातावरण के तापमान से कम होने की वजह से ठंडा महसूस होता है।



ऐसी जानकारियाँ पाने के लिए पढ़ते रहें possibilityplus.in

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